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✍️*भास्कर न्यूज टुडे की खबर का बड़ा असर*✍️
*बिलासपुर में आबकारी विभाग की कार्रवाई, सवाल बरकरार — क्या वाकई बंद होगा ढाबों पर अवैध शराब परोसने का धंधा?*
*बिलासपुर।रामपुर :👉 05 सितम्बर 2026*
भास्कर न्यूज टुडे पर 02 सितम्बर को प्रकाशित खबर _”बिलासपुर में आबकारी नियमों की खुलेआम धज्जियां”_ का असर आखिरकार देखने को मिला है। खबर में ओवर रेट शराब बिक्री और हाईवे के ढाबों पर अवैध अहातों के संचालन का खुलासा होने के बाद आबकारी विभाग हरकत में आया और बिलासपुर क्षेत्र में ताबड़तोड़ छापेमारी की कार्रवाई की गई।
लेकिन बड़ा सवाल यही है — 👉*इस कार्रवाई का कितना होगा असर?*
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है। हर बार खबर छपने या वीडियो वायरल होने पर विभाग 2-4 दिन के लिए दिखावटी छापेमारी करता है, एक-दो ढाबा संचालकों को चेतावनी देकर खानापूर्ति कर दी जाती है। जैसे ही मामला ठंडा पड़ता है, वही खेल फिर शुरू हो जाता है।
👉*ग्राउंड हकीकत यह है:*
रामपुर-रुद्रपुर मार्ग पर आज भी शाम ढलते ही ढाबे अवैध बार में तब्दील हो जाते हैं। दुकानों से थोक में शराब उठाकर दोगुने दाम पर परोसी जाती है। यह बात जगजाहिर है कि बिना आबकारी विभाग की मिलीभगत के कोई भी ढाबा संचालक खुलेआम शराब पिलाने की हिम्मत नहीं कर सकता।
नागरिकों का सीधा आरोप है — जब तक ऊपर से नीचे तक कमीशन का खेल बंद नहीं होगा, तब तक सिर्फ छापेमारी के नाम पर खानापूर्ति होती रहेगी।
👉*अब देखने वाली बात होगी:*
👉1. क्या आबकारी विभाग ढाबों को सील कर FIR दर्ज करता है या सिर्फ चेतावनी देकर छोड़ देता है?
👉2. क्या ओवर रेट वसूलने वाली दुकानों का लाइसेंस निरस्त होता है या जुर्माना लेकर मामला रफा-दफा कर दिया जाता है?
👉3. क्या रात 10 बजे के बाद होने वाली अवैध बिक्री पर CCTV और स्टॉक रजिस्टर की जांच होगी?
क्षेत्र की जनता की नजर अब जिला आबकारी अधिकारी रामपुर और जिलाधिकारी पर टिकी है। यदि इस बार भी कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित रही, तो लोग जनसुनवाई पोर्टल और मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 पर सामूहिक शिकायत दर्ज कराने को मजबूर होंगे।
































